मृतकों के नाम रहे लिस्ट में, पर कई जीवित रहे गायब

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Mother’s Day पर  अपनी मां को वोट न दिला पाने का रह गया मलाल

वोट देने से वंचित रह गयीं अपनी मां सोना देवी के साथ के साथ मनोज यादव।
  • Deepak Jha

बोकारो ः बोकारो जिले के विभिन्न मतदान केन्द्रों के लिये इस बार नये बीएलओ प्रतिनियुक्ति किये जाने के बाद कई जगहों पर भारी गड़बड़ियां सामने आयीं। मतदाताओं के सत्यापन से लेकर वोटर्स स्लिप के वितरण तक में काफी खामियां दिखीं। एक खामी तो एेसी आयी, जिसने एक बेटे को मदर्स डे पर अपनी मां को लोकतांत्रिक पर्व की खुशी न दे पाने का मलाल छोड़ गयी। सेक्टर-2डी निवासी मनोज यादव की मां और श्री विशुनदेव यादव की सहधर्मिणी श्रीमती सोना देवी इस बार अपने मताधिकार से वंचित रह गयीं। वजह यह रही कि वोटर्स लिस्ट में उनका नाम ही नहीं मिला। बूथकर्मी खोजकर थक गये, पर सोना देवी का नाम नहीं मिला। इसके बजाय आसपास रहने वाले उसी इलाके के कई एेसे लोगों के नाम वोटर लिस्ट में मौजूद रहे जो या तो स्वर्ग सिधार चुके हैं या लिस्ट में वर्णित पता से स्थानांतरित होकर चले गये हैं। मनोज ने कहा कि उसी इलाके की दुलारी देवी, राजेन्द्र झा, प्रभुनाथ मिश्रा और वीरेन्द्र सिंह के नाम मतदाता सूची में दर्ज पाये गये। आश्चर्य की बात तो यह है कि ये सभी के सभी मृत हो चुके हैं। इनके अलावा कई लोग जो अपने घर बदल चुके हैं, उनके भी नाम वोटर लिस्ट में मौजूद रहे। मनोज ने कहा- आज मदर्स डे था और अपनी मां को मैं वोट नहीं दिला पाया, इसका दुख रह गया। दूसरी तरफ राज्य के मुख्य निर्वाचन एल. खिंयाग्ते तथा स्थानीय प्रशासन के सख्त निर्देश के बाद भी मतदाता पर्ची के वितरण में बीएलओ ने रुचि नहीं दिखायी। बोकारोे के सेक्टर- 3बी, सेक्टर-4 के कई इलाकों में सैकड़ों वोटरों ने वोटर्स स्लिप नहीं मिल पाने की शिकायत की। इसके कारण मतदान-कार्य के लिये नाम खोजने में अनावश्यक विलम्ब हुआ।

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