प्रधानमंत्री आवास योजना में देशभर में बोकारो का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन, DDC हुए सम्मानित

0
390
नई दिल्ली में मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से सम्मान प्राप्त करते डीडीसी।
संवाददाता
बोकारो। सरकार की नवोन्मेषी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन को लेकर बोकारो का नाम एक बार फिर राष्ट्रीय फलक पर गौरवान्वित हुआ है। बोकारो जिले को राष्ट्रीय स्तर पर सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन का खिताब मिला है। इसके लिए गुरुवार को जिले के उपविकास आयुक्त रविरंजन मिश्रा को नई दिल्ली में खास तौर से नवाजा गया। ग्रामीण विकास, पंचायती राज, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने डीडीसी मिश्रा को साध्वी निरंजन ज्योति (राज्य ग्रामीण विकास मंत्री), ग्रामीण विकास विभाग के सचिव अमरजीत सिन्हा तथा झारखंड सरकार के ग्रामीण विकास विभाग के प्रधान सचिव अविनाश कुमार सहित अन्य गणमान्यजनों की उपस्थिति में शील्ड देकर सम्मानित किया। पूसा, नई दिल्ली स्थित एनएएससी कंप्लेक्स में ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से सम्मान समारोह का आयोजन किया गया था। 
 
बेरमो को पूरे राष्ट्र में पहला पुरस्कार
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के लिए ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से झारखंड को उत्कृष्ट प्रदर्शन के आलोक में चार श्रेणियों में पुरस्कृत किया है। आवास निर्माण में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए बोकारो जिले के बेरमो प्रखंड को सम्पूर्ण राष्ट्र में प्रथम पुरस्कार दिया गया है। इसके अलावा साहेबगंज जिले के राजमहल प्रखंड अंतर्गत पंडरिया पंचायत के मुखिया नायकी सोरेन को सर्वश्रेष्ठ मुखिया, खूंटी के तोरपा प्रखंड स्थित हुसीर पंचायत के जनसेवक स्व. अफजल अंसारी को सर्वश्रेष्ठ पंचायत स्तरीय कर्मी तथा राजमिस्त्री प्रशिक्षण में सम्पूर्ण राष्ट्र में झारखंड को तीसरे स्थान के लिए पुरस्कृत किया गया है। चूंकि अफजल अंसारी की मृत्यु हो चुकी है, अतः उनका पुरस्कार उनके पुत्र ने ग्रहण किया।
– Varnan Live Report.
Previous articleबोकारो बना International Olympic Committee का पहला भारतीय Global Active City
Next article03 जनवरी को तय होगी Global Active City के कार्यक्रमों की रूपरेखा, होगा विचार-विमर्श
मिथिला वर्णन (Mithila Varnan) : स्वच्छ पत्रकारिता, स्वस्थ पत्रकारिता'! DAVP मान्यता-प्राप्त झारखंड-बिहार का अतिलोकप्रिय हिन्दी साप्ताहिक अब न्यूज-पोर्टल के अवतार में भी नियमित अपडेट रहने के लिये जुड़े रहें हमारे साथ- facebook.com/mithilavarnan twitter.com/mithila_varnan ---------------------------------------------------- 'स्वच्छ पत्रकारिता, स्वस्थ पत्रकारिता', यही है हमारा लक्ष्य। इसी उद्देश्य को लेकर वर्ष 1985 में मिथिलांचल के गर्भ-गृह जगतजननी माँ जानकी की जन्मभूमि सीतामढ़ी की कोख से निकला था आपका यह लोकप्रिय हिन्दी साप्ताहिक 'मिथिला वर्णन'। उन दिनों अखण्ड बिहार में इस अख़बार ने साप्ताहिक के रूप में अपनी एक अलग पहचान बनायी। कालान्तर में बिहार का विभाजन हुआ। रत्नगर्भा धरती झारखण्ड को अलग पहचान मिली। पर 'मिथिला वर्णन' न सिर्फ मिथिला और बिहार का, बल्कि झारखण्ड का भी प्रतिनिधित्व करता रहा। समय बदला, परिस्थितियां बदलीं। अन्तर सिर्फ यह हुआ कि हमारा मुख्यालय बदल गया। लेकिन एशिया महादेश में सबसे बड़े इस्पात कारखाने को अपनी गोद में समेटे झारखण्ड की धरती बोकारो इस्पात नगर से प्रकाशित यह साप्ताहिक शहर और गाँव के लोगों की आवाज बनकर आज भी 'स्वच्छ और स्वस्थ पत्रकारिता' के क्षेत्र में निरन्तर गतिशील है। संचार क्रांति के इस युग में आज यह अख़बार 'फेसबुक', 'ट्वीटर' और उसके बाद 'वेबसाइट' पर भी उपलब्ध है। हमें उम्मीद है कि अपने सुधी पाठकों और शुभेच्छुओं के सहयोग से यह अखबार आगे और भी प्रगतिशील होता रहेगा। एकबार हम अपने सहयोगियों के प्रति पुनः आभार प्रकट करते हैं, जिन्होंने हमें इस मुकाम तक पहुँचाने में अपना विशेष योगदान दिया है।

Leave a Reply